8th Pay Commission: सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर, 7% सालाना इंक्रीमेंट की मांग; 2.15 फिटमेंट फैक्टर पर चर्चा
सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर, 7% इंक्रीमेंट की मांग और 2.15 फिटमेंट फैक्टर

केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए 8वें वेतन आयोग से जुड़ी चर्चाओं के बीच सालाना इंक्रीमेंट बढ़ाने की मांग जोर पकड़ रही है। ऑल इंडिया न्यू पेंशन स्कीम एम्प्लाइज फेडरेशन (AINPSEF) ने 8वें वेतन आयोग के सामने 7% सालाना इंक्रीमेंट की मांग रखी है। वहीं, कुछ अनुमानित गणनाओं में 2.15 के फिटमेंट फैक्टर को आधार बनाकर संभावित वेतन बढ़ोतरी का आकलन किया जा रहा है। हालांकि, इन दोनों पर अभी अंतिम सरकारी फैसला नहीं हुआ है।

3% से बढ़ाकर 7% इंक्रीमेंट की मांग
मौजूदा 7वें वेतन आयोग में कर्मचारियों को सामान्य तौर पर 3% सालाना इंक्रीमेंट मिलता है। कर्मचारी संगठनों का तर्क है कि महंगाई और बढ़ते खर्च को देखते हुए इस दर में बढ़ोतरी की जरूरत है।
AINPSEF ने 7% वार्षिक इंक्रीमेंट की मांग की है। वहीं, नेशनल काउंसिल ऑफ JCM, ऑल इंडिया डिफेंस एम्प्लाइज फेडरेशन और फेडरेशन ऑफ नेशनल पोस्टल ऑर्गनाइजेशंस ने 6% तथा इंडियन रेलवे टेक्निकल सुपरवाइजर्स एसोसिएशन ने 5% इंक्रीमेंट की मांग रखी है।
इसका मतलब है कि 8वें वेतन आयोग में कर्मचारियों के वेतन की साल-दर-साल बढ़ोतरी को लेकर अलग-अलग कर्मचारी संगठनों की मांगें सामने आ रही हैं।
2.15 फिटमेंट फैक्टर से कितना बढ़ सकता है वेतन?
फिटमेंट फैक्टर वह गुणक है जिसका इस्तेमाल नए वेतन ढांचे में मौजूदा बेसिक पे को संशोधित करने के लिए किया जाता है। 2.15 फिटमेंट फैक्टर को लेकर अभी चर्चा और अनुमान हैं, इसे 8वें वेतन आयोग का अंतिम फैसला नहीं माना जा सकता।
उदाहरण के तौर पर, अगर किसी कर्मचारी की मौजूदा बेसिक सैलरी ₹47,600 है और केवल 2.15 के फिटमेंट फैक्टर को लागू मानकर गणना की जाए, तो संशोधित बेसिक करीब ₹1,02,340 बनता है। यह सिर्फ एक गणितीय उदाहरण है; वास्तविक वेतन में DA, भत्तों और आयोग की अंतिम सिफारिशों का असर भी होगा।
7% इंक्रीमेंट का लंबे समय में बड़ा असर
अगर सालाना इंक्रीमेंट 3% की जगह 7% हो जाता है, तो इसका असर केवल एक साल की सैलरी पर नहीं बल्कि लंबे समय में बेसिक पे की ग्रोथ पर पड़ सकता है। हर साल बढ़ी हुई बेसिक सैलरी पर अगला इंक्रीमेंट मिलने से इसका संचयी प्रभाव बढ़ता जाता है।
एक उदाहरण में 2.15 फिटमेंट फैक्टर के साथ 7% सालाना इंक्रीमेंट की स्थिति में लेवल-8 कर्मचारी के लिए 10 साल में 3% की तुलना में करीब ₹28.89 लाख अतिरिक्त संचयी बेसिक पे का अनुमान लगाया गया है। यह आंकड़ा अनुमानित गणना है, न कि सरकार द्वारा घोषित अतिरिक्त भुगतान।
अभी नहीं हुआ अंतिम फैसला
कर्मचारियों के लिए यह समझना जरूरी है कि 7% इंक्रीमेंट और 2.15 फिटमेंट फैक्टर फिलहाल मांग/अनुमान के स्तर पर हैं। 8वें वेतन आयोग ने अभी अंतिम सिफारिशें नहीं दी हैं और कर्मचारी संगठनों के साथ विचार-विमर्श की प्रक्रिया जारी है। इसलिए सोशल मीडिया या अन्य जगहों पर सामने आने वाले संभावित वेतन आंकड़ों को अंतिम वेतन मानना सही नहीं होगा।
अगर 7% सालाना इंक्रीमेंट और कर्मचारियों की अन्य मांगों पर सकारात्मक फैसला होता है, तो आने वाले वर्षों में केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी में इसका महत्वपूर्ण असर देखने को मिल सकता है। फिलहाल कर्मचारियों और पेंशनर्स की नजर 8वें वेतन आयोग की अंतिम सिफारिशों पर है।




