6 करोड़ लोग गरीबी से बाहर और 10 लाख नई नौकरियां! योगी सरकार के 10वें बजट की वो बड़ी बातें

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने आज अपना 10वां और राज्य के इतिहास का सबसे बड़ा बजट पेश कर दिया है। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने विधानसभा में 9 लाख करोड़ रुपये से अधिक का भारी-भरकम बजट पेश करते हुए ऐलान किया कि उत्तर प्रदेश अब ‘बीमारू राज्य’ नहीं, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था का इंजन बन चुका है।
इस बजट में किसानों, युवाओं और तकनीक (Technology) पर सबसे ज्यादा फोकस किया गया है। आइए जानते हैं इस ‘पिटारे’ की 5 सबसे बड़ी बातें:
मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स में ‘बादशाह’ बना यूपी
वित्त मंत्री ने गर्व से बताया कि उत्तर प्रदेश अब देश का सबसे बड़ा मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग हब है।
65% मोबाइल: पूरे भारत में जितने मोबाइल फोन बनते हैं, उसका अकेले 65 फीसदी उत्पादन यूपी में हो रहा है।
इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात: भारत की 55% इलेक्ट्रॉनिक्स कंपोनेंट यूनिट्स यूपी में हैं और यहाँ से होने वाला निर्यात ₹44,744 करोड़ तक पहुंच गया है।
युवाओं के लिए ‘रोजगार की गारंटी’
सरकार ने युवाओं के कौशल विकास और स्टार्टअप पर बड़ा दांव खेला है:
10 लाख नौकरियां: अब तक ₹50 लाख करोड़ के निवेश समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर हो चुके हैं, जिनसे करीब 10 लाख नए रोजगार पैदा होंगे।
लीडर श्रेणी: यूपी को राष्ट्रीय स्टार्टअप रैंकिंग में ‘लीडर श्रेणी’ का दर्जा मिला है, जो युवाओं के लिए नए बिजनेस के रास्ते खोलेगा।
किसानों के लिए ‘एग्री एक्सपोर्ट हब’
खेती-किसानी को लाभ का सौदा बनाने के लिए बजट में बड़े प्रावधान हैं:
नंबर 1 यूपी: गेहूं और आलू उत्पादन में उत्तर प्रदेश देश में पहले स्थान पर है।
एग्री एक्सपोर्ट हब: फसलों को विदेशों में बेचने के लिए प्रदेश में विशेष एग्री एक्सपोर्ट हब बनाए जाएंगे।
रिकॉर्ड भुगतान: सरकार ने गन्ने का रिकॉर्ड भुगतान किया है और फसल बीमा के जरिए करोड़ों किसानों को सुरक्षा दी है।
कंगाली से खुशहाली: 6 करोड़ लोग गरीबी से बाहर
वित्त मंत्री ने आंकड़ों के जरिए बताया कि यूपी में प्रति व्यक्ति आय में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। योगी सरकार की नीतियों की वजह से पिछले कुछ वर्षों में 6 करोड़ लोग गरीबी रेखा से ऊपर आए हैं, जो एक बड़ा सामाजिक बदलाव है।
डेटा सेंटर और निवेश का महाकुंभ
यूपी में अब डेटा सेंटर बनाए जाएंगे ताकि राज्य ‘डिजिटल इंडिया’ का केंद्र बन सके। अब तक ₹15 लाख करोड़ के निवेश की 16 हजार से ज्यादा परियोजनाओं पर काम शुरू हो चुका है (ग्राउंड ब्रेकिंग समारोह)।

