ट्रंप की ‘गोल्डन डोम’ मिसाइल शील्ड पर आएगा 1.2 ट्रिलियन डॉलर का खर्च

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप की महत्वाकांक्षी योजना जिसे अमेरिका के लिए गोल्डन डोम मिसाइल रक्षा कार्यक्रम के रूप में पेश किया गया है की अनुमानित लागत 20 वर्षों में 1.2 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर होगी। यह जानकारी कांग्रेसनल बजट आफिस के एक नए विश्लेषण से सामने आई है।
यह पिछले साल के शुरुआती अनुमान 175 अरब अमेरिकी डॉलर के से कहीं अधिक है। गोल्डन डोम संबंधी का आदेश ट्रंप ने अपने कार्यकाल के पहले सप्ताह में एक कार्यकारी आदेश के माध्यम से दिया था।
कौन सा है सबसे महंगा हिस्सा?
CBO ने एक रिपोर्ट में कहा, “1.2 ट्रिलियन डॉलर की कुल राशि में से अधिग्रहण की लागत 1 ट्रिलियन डॉलर से थोड़ी ज्यादा होगी। इस राशि में सिस्टम के मुख्य घटकों की लागत शामिल है। यानी, इंटरसेप्टर लेयर्स और अंतरिक्ष-आधारित मिसाइल चेतावनी और ट्रैकिंग सिस्टम।”
इसमें कहा गया है, “सबसे महंगा हिस्सा अंतरिक्ष-आधारित इंटरसेप्टर लेयर है, जो अधिग्रहण लागत का लगभग 70 प्रतिशत और कुल लागत का 60 प्रतिशत है।”
इजरायल की रक्षा प्रणाली से प्रेरित
इस मिसाइल प्रणाली की अवधारणा आंशिक रूप से इजरायल की बहुस्तरीय रक्षा प्रणाली से प्रेरित है, जिसे अक्सर सामूहिक रूप से आयरन डोम कहा जाता है, जिसने ईरान के खिलाफ युद्ध में ईरान और सहयोगी आतंकी समूहों के रॉकेट और मिसाइल हमलों से इसकी रक्षा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।


